उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार बेटियों को सशक्त बनाने की दिशा में भी अहम फैसले ले रही है। इसी कड़ी में बेटियों की विवाह योग्य आयु को लड़कों के समान 18 वर्ष से बढ़ाकर 21 वर्ष किया गया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में अनुसूचित जनजाति समुदाय की शिक्षा और योगदान के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए 10 मई से 9 जून 2026 तक “अनुसूचित जनजाति गरिमा उत्सव” मनाया जा रहा है। इसके माध्यम से समाज में शिक्षा और समानता के संदेश को मजबूत किया जा रहा है।