शिमला,02 जून 26 (RHNN) : प्रदेश के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आईजीएमसी), शिमला में शुरू की गई रोबोटिक सर्जरी सेवा मरीजों के लिए नई उम्मीद बनकर उभरी है। महज तीन माह की अवधि में 55 सफल सर्जरी पूरी कर आईजीएमसी ने न केवल तकनीकी क्षमता का प्रदर्शन किया है, बल्कि यह भी साबित किया है कि अत्याधुनिक इलाज अब हिमाचल के मरीजों की पहुंच से दूर नहीं रहा। इस उपलब्धि के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में रोबोटिक सर्जरी टीम को सम्मानित किया गया। डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ और तकनीकी टीम की सामूहिक मेहनत को इस सफलता का आधार बताया गया। अस्पताल प्रशासन के अनुसार अब तक संपन्न सभी 55 रोबोटिक सर्जरी सफल रही हैं, जिससे मरीजों में इस तकनीक को लेकर भरोसा लगातार बढ़ रहा है। यह सेवा उन मरीजों के लिए भी राहत लेकर आई है, जिन्हें पहले बेहतर इलाज के लिए बाहरी राज्यों का रुख करना पड़ता था।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू द्वारा 11 मार्च 2026 को इस रोबोटिक सर्जरी सुविधा का शुभारंभ किया गया था। सरकार का उद्देश्य प्रदेश में ही विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना है, ताकि मरीजों को समय पर और किफायती इलाज मिल सके। आईजीएमसी प्रशासन का कहना है कि यह सुविधा देश में सबसे कम लागत पर उपलब्ध रोबोटिक सर्जरी सेवाओं में शामिल है, जिससे आम मरीजों पर आर्थिक बोझ काफी हद तक कम हुआ है।आईजीएमसी एमएस राहुल रॉय ने कहा कि संस्थान ने इस उपलब्धि को भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण शुरुआत बताते हुए कहा है कि आने वाले समय में और अधिक जटिल सर्जरी भी इसी तकनीक के माध्यम से सफलतापूर्वक की जाएंगी।