समग्र शिक्षा की यह पहल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की अवधारणा को और मजबूत बना रही है। विद्यालयों में उपलब्ध ओपन जिम सुविधाएं बच्चों को नियमित रूप से व्यायाम करने के लिए प्रेरित करेंगी, जिससे उनमें फिटनेस के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और खेल गतिविधियों में उनकी भागीदारी को भी प्रोत्साहन मिलेगा। नियमित व्यायाम से बच्चों की शारीरिक क्षमता, सहनशक्ति और रोग प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि होती है। इसके साथ ही यह तनाव को कम करने, एकाग्रता बढ़ाने तथा मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। आज के समय में जब बच्चों की जीवनशैली अधिकतर बैठकर पढ़ने और डिजिटल उपकरणों के उपयोग पर आधारित होती जा रही है, ऐसे में विद्यालयों में ओपन जिम की सुविधा उन्हें सक्रिय और ऊर्जावान बनाए रखने में सहायक सिद्ध होगी।
ओपन जिम के उपयोग से छात्र-छात्राएं नियमित शारीरिक गतिविधियों से जुड़ सकेंगे, जिससे उनमें आत्मविश्वास, अनुशासन, टीम भावना और सकारात्मक सोच का विकास होगा। विद्यालय परिसर में उपलब्ध ये सुविधाएं बच्चों में कम उम्र से ही फिटनेस की आदत विकसित करने में मदद करेंगी और उन्हें स्वस्थ एवं सक्रिय जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करेंगी। समग्र शिक्षा निदेशक राजेश शर्मा ने कहा कि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मन का विकास संभव है। इसी दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए पीएम श्री विद्यालयों और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में ओपन जिम स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह पहल छात्र-छात्राओं के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे बच्चों में फिटनेस, अनुशासन और स्वस्थ जीवनशैली की आदत विकसित होगी, जो उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव बनेगी।