शिमला, 01 अगस्त (rhnn) : नगर निगम शिमला की शुक्रवार को हुई सदन बैठक में वार्ड कार्यालयों के असमान निर्माण का मुद्दा गरमा गया। भाजपा पार्षद सरोज ने आरोप लगाया कि निगम कुछ वार्डों में दो-दो कार्यालय बना रहा है, जबकि उनके वार्ड में आज तक एक भी वार्ड कार्यालय नहीं बनाया गया। उन्होंने इसे विकास कार्यों में भेदभाव बताते हुए सभी वार्डों के लिए समान नीति लागू करने की मांग की। सरोज ने कहा कि वार्ड कार्यालय नागरिकों की शिकायतों के त्वरित समाधान और निगम सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए जरूरी हैं। कार्यालय नहीं होने से लोगों को छोटे-छोटे कार्यों के लिए भी निगम कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। विपक्षी पार्षदों ने भी इस मुद्दे का समर्थन करते हुए संसाधनों और विकास कार्यों का वितरण राजनीतिक आधार पर नहीं, बल्कि जरूरत और जनसंख्या के आधार पर करने की मांग उठाई। सदन में इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक हुई, जिसके बाद मामला बैठक की प्रमुख चर्चाओं में शामिल रहा।