स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई द्वारा आज विश्वविद्यालय परिसर में फीस वृद्धि के खिलाफ एक व्यापक जनरल बॉडी (GB) बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों से बड़ी संख्या में छात्रों ने भाग लिया और विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा लागू की गई फीस वृद्धि का एकजुट होकर विरोध किया। बैठक में उपस्थित छात्रों ने स्पष्ट किया कि शिक्षा कोई व्यापार नहीं बल्कि प्रत्येक नागरिक का अधिकार है और इसे महंगा बनाकर छात्रों को शिक्षा से वंचित करने की किसी भी कोशिश का पुरजोर विरोध किया जाएगा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय शिमला में विश्व स्तनपान सप्ताह के तहत 3 से 5 अगस्त तक आशा कार्यकर्ताओं, धात्री माताओं और महिलाओं के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. यशपाल रांटा ने की। उन्होंने कहा कि जन्म के तुरंत बाद नवजात को माँ का पहला पीला गाढ़ा दूध (कोलोस्ट्रम) अवश्य पिलाना चाहिए, क्योंकि यह शिशु का पहला प्राकृतिक टीका है और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है। उन्होंने पहले छह माह तक केवल माँ का दूध पिलाने तथा इसके बाद पूरक आहार के साथ दो वर्ष या उससे अधिक समय तक स्तनपान जारी रखने पर जोर दिया। जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. प्रियंका ने कहा कि माँ का दूध शिशु के शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक विकास के लिए सर्वोत्तम आहार है।