शिमला, 15 जून 26 (RHNN) : हिमाचल प्रदेश पेंशनर संयुक्त संघर्ष समिति के अध्यक्ष सुरेश ठाकुर, अतिरिक्त महासचिव भूप राम वर्मा तथा मीडिया प्रभारी सैन राम नेगी ने राज्य सरकार से सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लंबित चिकित्सा प्रतिपूर्ति (मेडिकल रिइम्बर्समेंट) दावों के शीघ्र निस्तारण के लिए अतिरिक्त बजट जारी करने की मांग की है। साथ ही समिति ने लंबित पेंशन एरियर तथा महंगाई राहत (डी.आर.) के भुगतान में भी तेजी लाने की अपील की है।
प्रतिनिधियों ने कहा कि वित्त विभाग, हिमाचल प्रदेश द्वारा 11 मई 2026 को जारी निर्देशों के बावजूद कई विभाग सेवानिवृत्त कर्मचारियों के मेडिकल प्रतिपूर्ति दावों के निस्तारण हेतु अतिरिक्त बजट की मांग समय पर नहीं भेज रहे हैं। इसके चलते हजारों पेंशनरों के दावे लंबित पड़े हैं, जिससे उन्हें आर्थिक एवं मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
पेंशनर संगठनों ने आग्रह किया है कि वित्त विभाग के निर्देशों को पुनः सभी विभागों को भेजकर उनकी सख्ती से अनुपालना सुनिश्चित की जाए, ताकि लंबित दावों के भुगतान हेतु आवश्यक बजट शीघ्र उपलब्ध हो सके और भुगतान प्रक्रिया तेज की जा सके।
प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री से भी अपील की है कि वे मुख्य सचिव, सभी प्रशासनिक सचिवों और विभागाध्यक्षों को स्पष्ट निर्देश जारी करें, ताकि वित्त विभाग के आदेशों का अक्षरशः पालन हो सके और पेंशनरों के लंबित चिकित्सा दावों का शीघ्र निपटारा सुनिश्चित किया जा सके। समिति ने यह भी याद दिलाया कि 13 मई 2026 को मुख्यमंत्री के साथ हुई बैठक में पेंशनरों को 40 प्रतिशत पेंशन एरियर जारी करने का आश्वासन दिया गया था। संगठन ने मांग की है कि इस आश्वासन को पूरा करते हुए एरियर की राशि 31 जुलाई 2026 तक जारी की जाए। इसके अलावा पेंशनरों को देय शेष 15 प्रतिशत महंगाई राहत (डी.आर.) का भुगतान भी शीघ्र करने की मांग की गई है, ताकि लंबे समय से प्रतीक्षा कर रहे पेंशनरों को राहत मिल सके। समिति ने विश्वास जताया है कि राज्य सरकार इन मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए शीघ्र आवश्यक निर्णय लेगी, जिससे प्रदेश के पेंशनरों को राहत प्रदान की जा सकेगी।

